ज्योतिष: विज्ञान या बकवास?

SHARE:

कल संयोगवश रात में 9 बजे चैनल बदलते हुए इंडिया टीवी पर जा पहुंचा। वहाँ पर ज्योतिषियों की परीक्षा ली जा रही थी। तय कार्यक्रम के अनुसार प...

कल संयोगवश रात में 9 बजे चैनल बदलते हुए इंडिया टीवी पर जा पहुंचा। वहाँ पर ज्योतिषियों की परीक्षा ली जा रही थी। तय कार्यक्रम के अनुसार पांच ज्योतिषियों सर्वश्री आचार्य विक्रमादित्य, केशवानंद, अजय गौतम, नंदिता पाण्डेय एवं विनीता को अलग अलग व्यक्तियों की जन्मतिथि, जन्मस्थान एवं शहर का नाम बता कर उनके बारे में पूछा जा रहा था। ज्योतिषियों को उक्त के लिंग और पेशे के बारे में बताना था। जिन व्यक्तियों के डाटा वहाँ पर प्रस्तुत किये गये, उनमें चर्चित क्रिकेटर अतुल वासन, काटूनिस्ट सुधीर तैलंग, भाजपा के मध्य प्रदेश के नेता कैलाश विजयवर्गीय, मशहूद चिकित्सक संजीव बगई, पंजाबी गायक अशोक मस्ती, भाजपा नेता विजय जौली एवं जहानाबाद, बिहार के एक बेरोजगार युवक अजीत चंद्र शामिल थे। मौजूद ज्योतिषियों में से तीन लोग अपने लैपटॉप के साथ वहाँ पर पधारे थे और दो लोग अपनी गणना के आधार पर बताई गई जन्म तिथियों के आधार पर उत्तर देने वाले थे।

अतुल वासन के बारे में ज्योतिषियों की मुख्य रूप से राय यह थी कि वे अखबार से जुड़े हुए हैं, राजनीति से उनका सम्बंध हो सकता है, व्यवसायी हो सकते हैं और मीडिया के लिए काम करने वाले हैं। ध्यान देने वाली बात यह है कि सभी ज्योतिषियों ने तीन-तीन आप्शन बताए, इसके बावजूद किसी ने क्रिकेट तो दूर की बात है, खेल का नाम तक नहीं लिया।

कार्टूनिस्ट सुधीर तैलंग के बारे में बताया गया कि वे वाणी के प्रखर व्यक्ति हैं, मीडिया से जुडे हुए हैं, बिजनेस से सम्बंध है, प्रबंधक का काम करते हैं। सिर्फ एक ज्योतिषी ने ड्रांइग से जुड़े होने की बात कही। राजनीतिज्ञ कैलाश विजय वर्गीय के बारे में उन्हें संगीत, कला, व्यवसाय, प्रबंधक, वाणी से जुडा व्यक्ति बताया। एक ज्योतिषी ने राजनीति से भी सम्बंध बताया।

डाक्टर संजीव बगई के बारे में ज्योतिषियों ने करीब दस-बारह प्रोफेशन गिनाए, पर उसमें डाक्टर का जिक्र नहीं आया। गायक अशोक मस्ती के बारे में मैनेजमेंट, मीडिया, प्रापर्टी, स्टोन बिजनेस, क्रिसटिव, ग्लैमर का नाम लिया। एक ज्योतिषी ने गायन का जिक्र किया। राजनीतिज्ञ विजय जौली के बारे में लॉ, राइटिंग, क्रिएटिव, डाक्टर, इंजीनियर, वकील, काउंसलिंग, मैनेजमेंट का दाया किया। एक ज्योतिष ने राजनीति का भी नाम लिया। जहानाबाद के अजीत चंद्र, जो पांच सालों से बीमार और बेरोजगार हैं के बारे में भी उपर बताये गये सारे प्रोफेसन ज्योतिषियों ने बताए, लेकिन किसी ने न तो उसकी बीमारी का जिक्र किया और न ही उसकी बेरोजगारी का।

अगर औसत के नियम की बात की जाए, तो एक ज्योतिषी ने एक व्यक्ति के कम से कम तीन प्रोफेशन बताए। इस प्रकार पांच ज्योतिषियों ने पन्द्रह ऑप्शन बताए। इस प्रकार सात व्यक्तियों के बारे में कुल 105 राय आईं, जिसमें से सिर्फ तीन राय ही पूरी तरह से सही निकलीं। वैसे कुछ ज्योतिषियों ने अतुल वॉसन के अखबारों में कॉलम लिखने को लेकर उन्हें लेखक और राजनीतिज्ञ विजय जॉली के साइड बिजनेस के कारण उन्हें व्यवसायी कहकर अपनी भविष्यवाणी की सत्यता को स्थापित करने का प्रयत्न किया। इस दौरान ज्यादातर ज्योतिषी सभी लोगों के व्यक्तित्व के बारे में अनावश्यक रूप से बताते रहे, जैसे कि ये प्रतिभा के बहुत धनी हैं, वाणी के बहुत सशक्त हैं, अपनी बात के धनी हैं, व्यक्तित्व बहुत चमत्कारी है, जिस क्षेत्र में जाएंगे हमेशा टॉप पर रहेंगे वगैरह-वगैरह। आश्चर्य का विषय यह रहा कि ज्योतिषियों के परीक्षण पर खरे न उतरने के बावजूद ज्यादातर व्यक्तियों ने ज्योतिषियों की तारीफ ही की। एक ज्योतिषी तो बड़े रोचक प्रश्न पूछते नजर आए, जैसे कि जातक पैदा होने के कितनी देर के बाद रोया था? अथवा जातक घर में पैदा हुआ अथवा अस्पताल में? और हाँ किसी भी ज्योतिषी यह बताने का साहस नहीं किया कि जातक स्त्री है अथवा पुरूष।

कुल मिलाकर एक बार फिर यह प्रमाणित हो गया कि ज्योतिष विज्ञान तो कतई नहीं है। क्योंकि विज्ञान में जब हाईड्रोजन के दो अणु और ऑक्सीजन का एक अणु मिलता है, तो बनने वाला पदार्थ पानी ही होता है, फिर चाहे उन्हें मिलाने वाला कोई भी हो और कहीं भी। लेकिन ज्योतिष के क्षेत्र में यह कतई नहीं होता। तब आप ही बताइए कि ज्योतिष हेड या टेल का खेल है अथवा....?
keywords: astrology and science in hindi, astrology and science a critical examination, astrology and science an examination of the evidence, astrology and science presentation, astrology and science the position, astrology science and culture, indian astrology and science, vedic astrology and science

COMMENTS

BLOGGER: 22
  1. Atul vasan ke baare me oonka bhavishyavani bilkul satya tha. Kabhi kabhi log galati se kisi profession me chala jata hai jaise Atul ka cricket khelna. kitana din mumbaiya pauwa laga kar team me rahe wo to jag jahir hi hai. Jyotishi bilkul satya thi lekin aap oosko galat tarike se interpret kar rahe hain. Mere kundali me kahin engineer banana nahin likha hai. Lekin galti se matric me 80% marks aa gaya ghar waale jabardasti sceince lekar engineering karwa diye. Ab yahan job me aakar lag raha hai ki galat profession choose kar liye. Kyonki mera man pasand to kuchh aur tha.

    उत्तर देंहटाएं
  2. इस टिप्पणी को लेखक द्वारा हटा दिया गया है.

    उत्तर देंहटाएं
  3. उपाध्याय जी, विज्ञान में गल्ती नहीं होती। अगर ज्योतिष विज्ञान है, तो फिर मैं अपनी बात दोहरा रहा हूं कि चाहे आप हाइड्रोजन के दो अणु और आक्सीजन के एक अणु को मिलाएं अथवा मैं, बनने वाला पदार्थ पानी ही होगा। विज्ञान में कुछ गल्ती से नहीं होता, सब कुछ निश्चित होता है। और जहां पर गल्ती से होता है, वह विज्ञान नहीं कहलाता, बाकी और कुछ भी आप उसे कह सकते हैं।

    उत्तर देंहटाएं
  4. मैंने यह प्रोग्राम कल देखा था...

    ज्योतिष एक क़यास (तुक्का) मात्र है और कुछ भी नहीं... ग़ैब (छिपा हुआ) का इल्म (ज्ञान) किसी को नहीं और अगर कोई ऐसा कहता है तो सिर्फ़ और सिर्फ़ अपनी दूकान चलाने के लिए !!!

    उत्तर देंहटाएं
  5. नाटकबाज़ी है सब कुछ...मीडिया खुद ज्योतिष के जरिए अंधविश्वास बेचकर अपना धंधा चलाता है और ज्योतिष का विरोध भी गाहे-बगाहे खुद को आधुनिक दिखाने के चक्कर में कर लेता है ।

    कुछ हो भी सकता है ज्योतिष में पर अभी ज्योतिष इसे प्रमाणित नहीं कर पाया..

    उत्तर देंहटाएं
  6. मेरे परिवार में सभी पुरुष ज्योतिषी थे। लेकिन वे सभी इस विद्या के माध्यम से काउंसलिंग करते थे। विपरीत परिस्थितियों में साहस पैदा करने का काम। वे सही थे। ये लोग जो धंधा कर रहे हैं सब लोगों को उल्लू बना रहे हैं।

    उत्तर देंहटाएं
  7. पोस्ट हिट, दिनेश भाई के आखिरी शब्दों पर समर्थन देना चाहता हूँ

    उत्तर देंहटाएं
  8. ओह!
    इसका मतलब आप सभी भारत सरकार से भी अधिक ज्ञान रखते हैं :-)

    ज़रा इस पर भी नज़र डालें

    इंडिया टीवी पहले भी भारतीयता पर प्रहार करते, खिल्ली उड़ाते कार्यक्रमों/ समाचारों का तमाशा दिखाता रहा है। यह कार्यक्रम भी जानबूझ कर उसी दिन दिखाया गया है, जब केन्द्र सरकार का हलफ़नामा सामने आया है।

    खिल्ली उड़ाने वाले अंदाज़ पर आपको भी क्या कहा जाए।

    ज़रा बताएँ प्राणी विज्ञान के बारे में कि
    बलात्कार का शिकार महिला गर्भवती हो जाती है और पूरी ज़िंदगी एक शादीशुदा महिला माँ नहीं बन पाती! यह कैसा विज्ञान है?
    कितने ही रॉकेट प्रक्षेपण असफल हो चुके है! यह कैसा विज्ञान है?
    कितने ही मरीज बेहोशी का इंजेक्शन देने के बाद होश में नहीं आ पाए! यह कैसा विज्ञान है?
    कितने ही लोग फांसी चढ़ाए जाने पर रस्सी टूटने पर बच गए! यह कैसा विज्ञान है?
    कितने ही लोग ट्रेन के आगे कूद कर आत्महत्या से बच गए! यह कैसा विज्ञान है?
    कितने ही किसान मौसम की वैज्ञानिक सूचना के भरोसे बारिश की राह जोहते अपनी फसल गंवा बैठे! यह कैसा विज्ञान है?
    कितने ही तेज धावक पीछे रह गए! यह कैसा विज्ञान है?

    उत्तर देंहटाएं
  9. बहुत बढ़िया लगा! उम्दा प्रस्तुती!

    उत्तर देंहटाएं
  10. अरेssss इनमें से तो कोई भी ख्यातनाम ज्योतिषी नहीं है ?

    उत्तर देंहटाएं
  11. हा हा हा ..हो हो हो ..हू हू हू...इंडिया टीवी ने खुलासा किया .....हा हा हा

    अब इस इंडिया टीवी का खुला कौन करेगा भाई ..

    यार इंडिया टीवी भी देखते हैं लोग , तभी मैं कहूं कि रजत जी इत्ते बढिए कपडे लत्ते कैसे पहन लेते है ...लद्दड टीवी चैनल चला के ।

    माफ़ी चाहूंगा इंडिया टीवी के बाद आगे कुछ पढ ही नहीं पाया ,

    उत्तर देंहटाएं
  12. मेरा जबाब यहां है ...
    http://sangeetapuri.blogspot.com/2010/04/blog-post_30.html

    उत्तर देंहटाएं
  13. हेड या टेल बात साफ़ साफ़ बताईये !

    उत्तर देंहटाएं
  14. लगता है आप को भारत की परम्पराओ का मजाक बनाए में मजा आता है , ज्योतिष विज्ञानं आप के विज्ञानं से भी पहला है , और जिस दिन आप उसे उस के सही रूप म पढ़ लेगे आप की मन की उलझन दूर हो जाये गी , और रही बात विज्ञानं की तो मित्र विज्ञानं हर नइ खोज के बाद अपने सिद्धांत बदल लेता है ,

    उत्तर देंहटाएं
  15. क्या आप श्योर हैं कि हाईड्रोजन के दो अणु और आक्सीजन का एक अणु मिलाने से पानी बन जायेगा।
    क्या विद्युत की आवश्यकता नही होगी??
    तो H2O में विद्युत कहां है?

    प्रणाम

    उत्तर देंहटाएं
  16. mera Nam mohit Hai. mai koi khaas padha likha nai hoon pr scince ko manta or kuch kuch samajhta hoon
    lekin Jyotish vigyaan ko bhi manta
    or jyada se jyada samjhne ki kosish
    kar rha hoon. mera masseg kewal ye hai ki Jyotish vigyaan ko aaj samjhne or samjhna ki zaroorat hai
    krpya Jyotish vigyaan ka mazak bana kr khabre na benchen bechna hai to Jyotish vigyaan ki sahi jankari ko smjh kar duniya ke samne sahi jankari prastut kare ya(benchen).
    namste....

    उत्तर देंहटाएं
  17. ज्योतिषी का ज्ञान और खुद ज्योतिषी अधूरे हो सकते हैं....परन्तु ज्योतिष अपने में पूर्ण विषय है....ज्योतिष वेदों के छैः अंगों में से एक है....

    उत्तर देंहटाएं
  18. बेनामी9/13/2014 11:03 am

    chetan vigyan ke aage bhotik vigyan bona hai


    उत्तर देंहटाएं
  19. ज्‍योतिष शास्‍त्र के अनुसार सूर्य एक ग्रह है ना कि तारा, और यह पृथ्‍वी की परिक्रमा करता है । यह अंधविश्‍वास और रूढ्वादिता नहीं तो और क्‍या है ? जो गणना 2+2=5 से शुरू हो वो कहां तक सही होगी ? पुणे में इन ठगों को मानसिक विमंदित और सामान्‍य बच्‍चों की जन्‍म पत्री दी गई थी। इन ठगों का औसत अनुभव 14 वर्ष था । सभी को 40-40 बच्‍चों की कुण्‍डली दी गई थी और इन्‍हें सिर्फ इतना ही बताना था कि किस कुण्‍डली का जातक सामन्‍य बुद्धि का है और किस कुण्‍डली का जातक मानसिक विमंदित है। औसत रूप से 40 में से सिर्फ 17 कुण्‍डलीयों का विश्‍लेषण सही कर पाये ये होनहार भविष्‍यवक्‍ता। अधिकतम 40 में से 22 मात्र एक ज्‍योतिषी सही बता पाया। ज्‍योतिष के अनुसार सभी ग्रह आपस में मित्र या शत्रु है, इसे किस आधार पर ज्‍योतिषिी प्रमाणित कर सकते हैं ? किसी आधार पर इस ठगी को विज्ञान कहा जा सकता है ?

    उत्तर देंहटाएं
  20. ज्‍योतिष शास्‍त्र के अनुसार सूर्य एक ग्रह है सूर्य एक तारा है और सूर्य पृथ्‍वी की परिक्रमा करता है जबकि सत्‍य इसके विपरीत है। जो गणना 2+2=5 से शुरू होती है वह कहां तक सही होगी !! पुणे में इन ठगों की सामुहिक परीक्षा ली गई थी। प्रत्‍येक ज्‍योतिषी को मानसिक विमंदित और सामान्‍य बच्‍चों की कुल 40 जन्‍मपत्री दी गई थी और सिर्फ इन्‍हें इतना बताना था कि किस जन्‍मपत्री का जातक सामन्‍य बुद्धि का है और किस जन्‍मपत्री का जातक मानसिक विमंदित है। इनका औसत मात्र 17 सही जवाब था। लगभग 60 ज्‍योतिषियों का औसत अनुभव 14 वर्ष था। जीवन के 14 वर्ष ज्‍योतिष विद्या में खराब करने के बाद भी यदि औसत 40 में से 17 है तो ज्‍योतिषी किस आधार पर इसे विज्ञान कहते हैं ?

    उत्तर देंहटाएं
वैज्ञानिक चेतना को समर्पित इस यज्ञ में आपकी आहुति (टिप्पणी) के लिए अग्रिम धन्यवाद। आशा है आपका यह स्नेहभाव सदैव बना रहेगा।

नाम

अंतरिक्ष युद्ध,1,अंतर्राष्‍ट्रीय ब्‍लॉगर सम्‍मेलन,1,अंतर्राष्ट्रीय हिन्दी ब्लॉगर सम्मेलन-2012,1,अतिथि लेखक,2,अन्‍तर्राष्‍ट्रीय सम्‍मेलन,1,आजीवन सदस्यता विजेता,1,आटिज्‍म,1,आदिम जनजाति,1,इंदिरा गांधी नेशनल ओपन यूनिवर्सिटी,1,इग्‍नू,1,इच्छा मृत्यु,1,इलेक्ट्रानिकी आपके लिए,1,इलैक्ट्रिक करेंट,1,ईको फ्रैंडली पटाखे,1,एंटी वेनम,2,एक्सोलोटल लार्वा,1,एड्स अनुदान,1,एड्स का खेल,1,एन सी एस टी सी,1,कवक,1,किंग जार्ज मेडिकल कॉलेज,1,कृत्रिम मांस,1,कृत्रिम वर्षा,1,कैलाश वाजपेयी,1,कोबरा,1,कौमार्य की चाहत,1,क्‍लाउड सीडिंग,1,क्षेत्रीय भाषाओं में विज्ञान कथा लेखन,9,खगोल विज्ञान,2,खाद्य पदार्थों की तासीर,1,खाप पंचायत,1,गुफा मानव,1,ग्रीन हाउस गैस,1,चित्र पहेली,201,चीतल,1,चोलानाईकल,1,जन भागीदारी,4,जनसंख्‍या और खाद्यान्‍न समस्‍या,1,जहाँ डॉक्टर न हो,1,जादुई गणित,1,जितेन्‍द्र चौधरी जीतू,1,जी0 एम0 फ़सलें,1,जीवन की खोज,1,जेनेटिक फसलों के दुष्‍प्रभाव,1,जॉय एडम्सन,1,ज्योतिर्विज्ञान,1,ज्योतिष,1,ज्योतिष और विज्ञान,1,ठण्‍ड का आनंद,1,डॉ0 मनोज पटैरिया,1,तस्‍लीम विज्ञान गौरव सम्‍मान,1,द लिविंग फ्लेम,1,दकियानूसी सोच,1,दि इंटरप्रिटेशन ऑफ ड्रीम्स,1,दिल और दिमाग,1,दिव्य शक्ति,1,दुआ-तावीज,2,दैनिक जागरण,1,धुम्रपान निषेध,1,नई पहल,1,नारायण बारेठ,1,नारीवाद,3,निस्‍केयर,1,पटाखों से जलने पर क्‍या करें,1,पर्यावरण और हम,8,पीपुल्‍स समाचार,1,पुनर्जन्म,1,पृथ्‍वी दिवस,1,प्‍यार और मस्तिष्‍क,1,प्रकृति और हम,12,प्रदूषण,1,प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड,1,प्‍लांट हेल्‍थ क्‍लीनिक,1,प्लाज्मा,1,प्लेटलेटस,1,बचपन,1,बलात्‍कार और समाज,1,बाल साहित्‍य में नवलेखन,2,बाल सुरक्षा,1,बी0 प्रेमानन्‍द,5,बीबीसी,1,बैक्‍टीरिया,1,बॉडी स्कैनर,1,ब्रह्माण्‍ड में जीवन,1,ब्लॉग चर्चा,4,ब्‍लॉग्‍स इन मीडिया,1,भारत के महान वैज्ञानिक हरगोविंद खुराना,1,भारत डोगरा,1,भारत सरकार छात्रवृत्ति योजना,1,मंत्रों की अलौकिक शक्ति,1,मनु स्मृति,1,मनोज कुमार पाण्‍डेय,1,मलेरिया की औषधि,1,महाभारत,1,महामहिम राज्‍यपाल जी श्री राम नरेश यादव,1,महाविस्फोट,1,मानवजनित प्रदूषण,1,मिलावटी खून,1,मेरा पन्‍ना,1,युग दधीचि,1,यौन उत्पीड़न,1,यौन शिक्षा,1,यौन शोषण,1,रंगों की फुहार,1,रक्त,1,राष्ट्रीय पक्षी मोर,1,रूहानी ताकत,1,रेड-व्हाइट ब्लड सेल्स,1,लाइट हाउस,1,लोकार्पण समारोह,1,विज्ञान कथा,1,विज्ञान दिवस,2,विज्ञान संचार,1,विश्व एड्स दिवस,1,विषाणु,1,वैज्ञानिक मनोवृत्ति,1,शाकाहार/मांसाहार,1,शिवम मिश्र,1,संदीप,1,सगोत्र विवाह के फायदे,1,सत्य साईं बाबा,1,समगोत्री विवाह,1,समाचार पत्रों में ब्‍लॉगर सम्‍मेलन,1,समाज और हम,14,समुद्र मंथन,1,सर्प दंश,2,सर्प संसार,1,सर्वबाधा निवारण यंत्र,1,सर्वाधिक प्रदूशित शहर,1,सल्फाइड,1,सांप,1,सांप झाड़ने का मंत्र,1,साइंस ब्‍लॉगिंग कार्यशाला,10,साइक्लिंग का महत्‍व,1,सामाजिक चेतना,1,सुपर ह्यूमन,1,सुरक्षित दीपावली,1,सूत्रकृमि,1,सूर्य ग्रहण,1,स्‍कूल,1,स्टार वार,1,स्टीरॉयड,1,स्‍वाइन फ्लू,2,स्वास्थ्य चेतना,15,हठयोग,1,होलिका दहन,1,‍होली की मस्‍ती,1,Abhishap,4,abraham t kovoor,7,Agriculture,7,AISECT,11,Ank Vidhya,1,antibiotics,1,antivenom,3,apj,1,arshia science fiction,2,AS,26,ASDR,8,B. Premanand,6,Bal Kahani Lekhan Karyashala,1,Balsahitya men Navlekhan,2,Bharat Dogra,1,Bhoot Pret,7,Blogging,1,Bobs Award 2013,2,Books,56,Born Free,1,Bushra Alvera,1,Butterfly Fish,1,Chaetodon Auriga,1,Challenges,9,Chamatkar,1,Child Crisis,4,Children Science Fiction,1,CJ,1,current,1,D S Research Centre,1,DDM,4,dinesh-mishra,2,DM,6,Dr. Prashant Arya,1,dream analysis,1,Duwa taveez,1,Duwa-taveez,1,Earth,43,Earth Day,1,eco friendly crackers,1,Education,3,Electric Curent,1,electricfish,1,Elsa,1,Environment,30,Featured,5,flehmen response,1,Gansh Utsav,1,Government Scholarships,1,Great Indian Scientist Hargobind Khorana,1,Green House effect,1,Guest Article,5,Hast Rekha,1,Hathyog,1,Health,62,Health and Food,5,Health and Medicine,1,Healthy Foods,2,Hindi Vibhag,1,human,1,Human behavior,1,humancurrent,1,IBC,5,Indira Gandhi Rajbhasha Puraskar,1,International Bloggers Conference,5,Invention,9,Irfan Hyuman,1,ISRO,5,jacobson organ,1,Jadu Tona,3,Joy Adamson,1,julian assange,1,jyotirvigyan,1,Jyotish,11,Kaal Sarp Dosha Mantra,1,Kaal Sarp Yog Remady,1,Kranti Trivedi Smrati Diwas,1,lady wonder horse,1,Lal Kitab,1,Legends,13,life,2,Love at first site,1,Lucknow University,1,Magic Tricks,10,Magic Tricks in Hindi,10,magic-tricks,9,malaria mosquito,1,malaria prevention,1,man and electric,1,Manjit Singh Boparai,1,mansik bhram,1,media coverage,1,Meditation,1,Mental disease,1,MK,3,MMG,6,MS,3,mystery,1,Myth and Science,2,Nai Pahel,8,National Book Trust,3,Natural therapy,2,NCSTC,2,New Technology,10,NKG,72,Nobel Prize,7,Nuclear Energy,1,Nuclear Reactor,1,OPK,2,Opportunity,9,Otizm,1,paradise fish,1,personality development,1,PK,20,Plant health clinic,1,Power of Tantra-mantra,1,psychology of domestic violence,1,Punarjanm,1,Putra Prapti Mantra,1,Rajiv Gandhi Rashtriya Gyan Vigyan Puraskar,1,Report,9,Researches,2,RR,2,SBWG,3,SBWR,5,SBWS,3,Science and Technology,5,science blogging workshop,22,Science Blogs,1,Science Books,56,Science communication,20,Science Communication Through Blog Writing,7,Science Congress,1,Science Fiction,9,Science Fiction Articles,5,Science Fiction Books,5,Science Fiction Conference,8,Science Fiction Writing in Regional Languages,11,Science Times News and Views,2,science-books,1,science-puzzle,44,Scientific Awareness,5,Scientist,36,SCS,7,SD,4,secrets of octopus paul,1,sexual harassment,1,shirish-khare,4,SKS,11,SN,1,Social Challenge,1,Solar Eclipse,1,Steroid,1,Succesfull Treatment of Cancer,1,superpowers,1,Superstitions,49,Tantra-mantra,19,Tarak Bharti Prakashan,1,The interpretation of dreams,2,Tips,1,Tona Totka,3,tsaliim,9,Universe,26,Vigyan Prasar,32,Vishnu Prashad Chaturvedi,1,VPC,4,VS,6,Washikaran Mantra,1,Where There is No Doctor,1,wikileaks,1,Wildlife,12,zakir science fiction,1,
ltr
item
Scientific World: ज्योतिष: विज्ञान या बकवास?
ज्योतिष: विज्ञान या बकवास?
http://1.bp.blogspot.com/_C-lNvRysyww/Sw5b7HQ60mI/AAAAAAAAA4c/XWNDRZb6RMQ/s200/%E0%A4%95%E0%A4%A8%E0%A5%8D%E0%A4%AF%E0%A4%BE%20%E0%A4%B5%E0%A4%BF%E0%A4%B5%E0%A4%BE%E0%A4%B9.jpg
http://1.bp.blogspot.com/_C-lNvRysyww/Sw5b7HQ60mI/AAAAAAAAA4c/XWNDRZb6RMQ/s72-c/%E0%A4%95%E0%A4%A8%E0%A5%8D%E0%A4%AF%E0%A4%BE%20%E0%A4%B5%E0%A4%BF%E0%A4%B5%E0%A4%BE%E0%A4%B9.jpg
Scientific World
https://www.scientificworld.in/2010/04/blog-post_30.html
https://www.scientificworld.in/
https://www.scientificworld.in/
https://www.scientificworld.in/2010/04/blog-post_30.html
true
3850451451784414859
UTF-8
Loaded All Posts Not found any posts VIEW ALL Readmore Reply Cancel reply Delete By Home PAGES POSTS View All RECOMMENDED FOR YOU LABEL ARCHIVE SEARCH ALL POSTS Not found any post match with your request Back Home Sunday Monday Tuesday Wednesday Thursday Friday Saturday Sun Mon Tue Wed Thu Fri Sat January February March April May June July August September October November December Jan Feb Mar Apr May Jun Jul Aug Sep Oct Nov Dec just now 1 minute ago $$1$$ minutes ago 1 hour ago $$1$$ hours ago Yesterday $$1$$ days ago $$1$$ weeks ago more than 5 weeks ago Followers Follow THIS PREMIUM CONTENT IS LOCKED STEP 1: Share to a social network STEP 2: Click the link on your social network Copy All Code Select All Code All codes were copied to your clipboard Can not copy the codes / texts, please press [CTRL]+[C] (or CMD+C with Mac) to copy